Shala Darpan Student Promotion Module Guide — विद्यार्थी प्रमोशन गाइड

राजस्थान स्कूल शिक्षा विभाग में प्रत्येक शैक्षणिक सत्र के समापन के साथ ही शाला दर्पण (Integrated Shala Darpan Portal) पर सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक कार्य प्रारंभ होता है — विद्यार्थी प्रमोशन (Student Promotion)। प्रतिवर्ष मार्च एवं अप्रैल माह में शिविरा पंचांग (Shivira Panchang) द्वारा निर्धारित समय-सारणी के अनुसार कक्षा 1 से 11 के नियमित नामांकित विद्यार्थियों को उनके परीक्षा परिणाम एवं शैक्षणिक प्रदर्शन के आधार पर आगामी उच्च कक्षा में पदोन्नत किया जाता है।

यह प्रक्रिया केवल एक क्लिक का कार्य नहीं है, बल्कि इसके साथ RTE Act 2009 की No Detention Policy, कक्षा 9 एवं 11 की वार्षिक परीक्षा मूल्यांकन नियमावली, सत्रांक एवं परीक्षा अंकों की ऑनलाइन प्रविष्टि, ग्रीन शीट सत्यापन तथा ट्रांसफर सर्टिफिकेट (TC) जारी करने के जटिल नियम जुड़े हुए हैं। यदि संस्थाप्रधान या कक्षा अध्यापक द्वारा प्रमोशन में असावधानी बरती जाती है, तो आगामी सत्र के नामांकन, निशुल्क पाठ्यपुस्तक मांग, छात्रवृत्ति (Scholarship) तथा पोषाहार (MDM) के डिजिटल आंकड़ों में भारी विसंगतियां पैदा हो जाती हैं।

📌 प्रशासनिक महत्व (Administrative Urgency): शिविरा पंचांग 2026-27 के निर्देशानुसार वार्षिक परीक्षा परिणाम वितरण (25 मार्च से 31 मार्च) के तत्काल बाद शाला दर्पण पर प्रमोशन मॉड्यूल सक्रिय हो जाता है। आगामी सत्र में 1 अप्रैल (या ग्रीष्मावकाश पूर्व) प्रवेशोत्सव एवं सेक्शन निर्माण से पहले सभी कक्षाओं का प्रमोशन अनिवार्य रूप से लॉक होना आवश्यक है।

1. विद्यार्थी प्रमोशन कब और क्यों किया जाता है? (Timeline & Objectives)

शाला दर्पण पोर्टल पर प्रतिवर्ष सत्र परिवर्तन (Session Rollover) की प्रक्रिया अपनाई जाती है। जब तक वर्तमान सत्र (Current Academic Session) के विद्यार्थियों का परीक्षा परिणाम पोर्टल पर प्रविष्ट कर उन्हें आगामी कक्षा में प्रमोट नहीं किया जाता, तब तक:

  • आगामी नवीन शैक्षणिक सत्र (Next Academic Year) का कोई भी क्लास सेक्शन जनरेट नहीं हो सकता।
  • कक्षा 1 से 12 तक नवीन प्रवेश (New Admissions) अथवा टीसी द्वारा प्रवेशित बच्चों का रोल नंबर व स्कॉलर रजिस्टर (SR) आवंटन अवरुद्ध रहता है।
  • विद्यार्थियों की डिजिटल मार्कशीट (Progress Report / अंकतालिका) पोर्टल से प्रिंट नहीं हो सकती।
  • कक्षा 5, 8, 10 एवं 12 के उत्तीर्ण विद्यार्थियों की डिजिटल स्थानांतरण प्रमाण-पत्र (TC) जनरेट नहीं की जा सकती।
📅 शिविरा पंचांग कैलेंडर अनुसार मुख्य तिथियां (Key Dates):
  • वार्षिक परीक्षा परिणाम घोषणा: मार्च माह के अंतिम सप्ताह (20 से 28 मार्च)।
  • शाला दर्पण पर अंक प्रविष्टि व ग्रीन शीट मिलान: 25 मार्च से 5 अप्रैल तक।
  • विद्यार्थी प्रमोशन मॉड्यूल संचालन: 1 अप्रैल से 15 अप्रैल तक पूर्ण करना अनिवार्य।
  • पूरक परीक्षा (Supplementary Exam - कक्षा 9 व 11): अप्रैल माह के द्वितीय सप्ताह में संपन्न कर 15 अप्रैल तक परिणाम शाला दर्पण पर अपडेट करना।

2. प्रमोशन मॉड्यूल शुरू करने से पूर्व आवश्यक चेकलिस्ट (Pre-Requisites)

प्रमोशन मॉड्यूल पर कार्य करने से पूर्व शाला दर्पण प्रभारी तथा कक्षा अध्यापकों को निम्नलिखित 6 महत्वपूर्ण बिंदुओं की भौतिक एवं डिजिटल पड़ताल अनिवार्य रूप से कर लेनी चाहिए:

  1. समस्त प्रपत्र 9 (Student Basic Information) अपडेट हों: विद्यार्थी का नाम, पिता का नाम, माता का नाम, जन्मतिथि, जाति संवर्ग तथा आधार/जन-आधार अधिप्रमाणन (Authentication) ग्रीन मार्क होना चाहिए।
  2. रोल नंबर आवंटन (Roll Number Allocation): परीक्षा मॉड्यूल में संबंधित कक्षा के प्रत्येक विद्यार्थी का सही रोल नंबर प्रविष्ट होना अनिवार्य है।
  3. शत-प्रतिशत अंक प्रविष्टि (Complete Marks Entry): प्रथम परख (1st Test), द्वितीय परख (2nd Test), अर्द्धवार्षिक परीक्षा (Half-Yearly), तृतीय परख (3rd Test) तथा वार्षिक परीक्षा (Annual Exam) के समस्त सैद्धांतिक, प्रायोगिक व सत्रांक पोर्टल पर भरे जा चुके हों।
  4. विद्यार्थी उपस्थिति (Attendance Record): वार्षिक कुल कार्य दिवसों में से विद्यार्थी की कुल उपस्थित दिवसों की संख्या प्रविष्ट होनी चाहिए।
  5. ग्रीन शीट (Tabulation Sheet) का भौतिक सत्यापन: ऑनलाइन जनरेट हुई कच्ची ग्रीन शीट का विद्यालय के हस्तलिखित परीक्षा रजिस्टर से विषय-वार मिलान कर परीक्षा प्रभारी व प्रधानाध्यापक के हस्ताक्षर हों।
  6. लंबे समय से अनुपस्थित (Long Absentee) विद्यार्थियों की स्थिति: यदि कोई विद्यार्थी बिना सूचना 30 दिन से अधिक अनुपस्थित रहा है और उसका नाम पृथक किया जाना है, तो प्रमोशन से पूर्व नियमानुसार कार्यवाही सुनिश्चित करें।

3. शाला दर्पण पर प्रमोशन मॉड्यूल एक्सेस करने की चरणबद्ध प्रक्रिया (Step-by-Step Guide)

विद्यालय लॉगिन के माध्यम से विद्यार्थी प्रमोशन की पूर्ण प्रक्रिया नीचे दी गई है:

1 लॉगिन करें: आधिकारिक शाला दर्पण पोर्टल (rajshaladarpan.nic.in) खोलें और स्कूल लॉगिन (School Login) आईडी, पासवर्ड एवं कैप्चा दर्ज कर लॉग इन करें।
2 परिणाम (Result) टैब का चयन: मुख्य मेन्यू बार में Result (परिणाम) मेन्यू पर क्लिक करें। इसके बाद ड्रॉपडाउन में Results Entry (परिणाम प्रविष्टि) विकल्प चुनें।
3 Student Promotion Module खोलें: उप-मेन्यू में Student Promotion (विद्यार्थी पदोन्नति) लिंक पर क्लिक करें। आपके सामने प्रमोशन का विशेष डैशबोर्ड प्रदर्शित होगा।
4 सत्र व कक्षा चयन:
  • Last Session: वर्तमान बीत रहा सत्र (उदा. 2026-2027) स्वतः प्रदर्शित होगा।
  • Class: जिस कक्षा के विद्यार्थियों को प्रमोट करना है (जैसे Class 1, 2, 3... 9, 11) का चयन करें।
  • Section: संबंधित सेक्शन (A, B आदि) चुनें।
  • Go बटन पर क्लिक करें।
5 विद्यार्थी सूची व स्टेटस का चयन: कक्षा के सभी विद्यार्थियों की सूची रोल नंबर, नाम, पिता का नाम, कुल प्राप्तांक प्रतिशत एवं स्टेटस (Final Result Dropdown) के साथ प्रदर्शित होगी।

प्रत्येक विद्यार्थी के सामने निम्न विकल्पों में से उपयुक्त स्थिति चुनें:

  • Promote (उत्तीर्ण / पदोन्नत) — आगामी कक्षा में क्रमोन्नत करने हेतु।
  • Passed with Grace (कृपांक सहित उत्तीर्ण) — नियमानुसार कृपांक लेकर उत्तीर्ण होने पर।
  • Repeat / Detained (अनुत्तीर्ण / उसी कक्षा में) — कक्षा 9 व 11 में अनुत्तीर्ण होने पर।
  • Supplementary (पूरक) — नियमानुसार पूरक परीक्षा हेतु पात्र होने पर।
  • Absent (अनुपस्थित) — वार्षिक परीक्षा में अनुपस्थित रहने पर।
6 Save एवं Final Submit: प्रत्येक विद्यार्थी का चयन करने के उपरांत लाइन के अंत में दिए गए Save बटन पर क्लिक करें। संपूर्ण कक्षा का कार्य पूर्ण होने के बाद नीचे दिए गए Final Submit / Lock विकल्प का चयन करें।
⚠️ अत्यंत महत्वपूर्ण चेतावनी (Irreversible Action): एक बार किसी कक्षा का परिणाम शाला दर्पण पर फाइनल सबमिट (Lock) हो जाने के बाद, उसे स्कूल स्तर से अन-प्रमोट या संशोधित नहीं किया जा सकता। किसी भी त्रुटि सुधार हेतु ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (CBEO) अथवा जिला शिक्षा अधिकारी (CDEO) लॉगिन से प्रार्थना पत्र भेजकर अनलॉक करवाना पड़ता है। अतः फाइनल लॉक करने से पूर्व भली-भांति जांच लें।

4. कक्षा 1 से 8: नो डिटेंशन पॉलिसी (No Detention Policy Explained)

शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 (RTE Act) की धारा 16 तथा राजस्थान राज्य संशोधित नियमों के अनुसार प्रारंभिक शिक्षा (Elementary Education - कक्षा 1 से 8) में विद्यार्थियों के मूल्यांकन व प्रमोशन के विशेष प्रावधान लागू हैं:

कक्षा 1 से 4 एवं कक्षा 6-7 के नियम:

  • पूर्ण नो-डिटेंशन: इन कक्षाओं के किसी भी विद्यार्थी को अनुत्तीर्ण (Fail) कर उसी कक्षा में नहीं रोका जा सकता। सभी विद्यार्थियों को सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE / Parakh) के आधार पर आगामी कक्षा में प्रमोट किया जाना अनिवार्य है।
  • ग्रेडिंग प्रणाली: इन विद्यार्थियों को अंक (Marks) के स्थान पर ग्रेड (A, B, C, D, E) प्रदान की जाती है।
  • E-ग्रेड उपचारात्मक शिक्षण (Remedial Teaching): यदि किसी विद्यार्थी को E-ग्रेड प्राप्त होती है, तो उसे सीधे अनुत्तीर्ण न करके परिणाम घोषणा के पश्चात 2 माह का विशेष उपचारात्मक शिक्षण दिया जाता है और उसका पुनः मूल्यांकन (Re-assessment) कर ग्रेड सुधारी जाती है।

कक्षा 5 एवं 8 (प्राथमिक व उच्च प्राथमिक शिक्षा अधिगम स्तर मूल्यांकन):

कक्षा 5 एवं 8 की परीक्षाएं पंजीयक शिक्षा विभागीय परीक्षाएं, राजस्थान (बीकानेर) द्वारा बोर्ड पैटर्न पर आयोजित की जाती हैं:

  • RTE संशोधन नियमों के अंतर्गत यदि कोई विद्यार्थी मुख्य परीक्षा में न्यूनतम अहक अंक (33% या D ग्रेड) प्राप्त नहीं कर पाता, तो उसे पूरक परीक्षा (Supplementary Exam) का अवसर दिया जाता है।
  • यदि विद्यार्थी पूरक परीक्षा में भी निर्धारित न्यूनतम स्तर प्राप्त करने में असफल रहता है, तो नियमानुसार उसे उसी कक्षा में रोके जाने (Detention) का प्रावधान है।
  • शाला दर्पण पर कक्षा 5 एवं 8 का प्रमोशन बोर्ड स्तर से परिणाम डायरेक्ट सिंक होने के उपरांत ही सक्रिय होता है।

5. कक्षा 9 एवं 11: डिटेंशन व उत्तीर्ण मानदंड (Detention Criteria)

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड राजस्थान (RBSE) एवं माध्यमिक शिक्षा निदेशालय बीकानेर के नियमानुसार कक्षा 9 एवं 11 गैर-बोर्ड कक्षाएं हैं, परंतु इनके उत्तीर्ण और अनुत्तीर्ण के नियम कठोर हैं:

कक्षा व संकाय न्यूनतम उत्तीर्णांक (Passing %) कृपांक नियम (Grace Marks) पूरक परीक्षा पात्रता डिटेंशन (फेल) नियम
कक्षा 9 (सभी विषय) प्रत्येक विषय में 33% तथा कुल योग में 33% अधिकतम 6 अंक (अधिकतम 2 विषयों में विभाजित) अधिकतम 2 विषयों में अनुत्तीर्ण होने पर 3 या अधिक विषयों में अनुत्तीर्ण होने पर उसी कक्षा में रोका जाएगा
कक्षा 11 (कला / वाणिज्य) प्रत्येक अनिवार्य व ऐच्छिक विषय में 33% कुल पूर्णांक का 1% (लगभग 5 अंक) अधिकतम 1 विषय में अनुत्तीर्ण होने पर 2 या अधिक विषयों में अनुत्तीर्ण होने पर डिटेन
कक्षा 11 (विज्ञान संकाय) सैद्धांतिक (Theory) में 33% एवं प्रायोगिक (Practical) में पृथक से 33% केवल सैद्धांतिक भाग में अधिकतम 5 अंक अधिकतम 1 विषय में अनुत्तीर्ण होने पर प्रायोगिक में फेल विद्यार्थी को थ्योरी में कृपांक देय नहीं; डिटेन
कृपांक (Grace Marks) का विशेष नियम: कृपांक केवल उन्हीं विद्यार्थियों को दिया जा सकता है जो कृपांक के योग से उस विषय में न्यूनतम 33% उत्तीर्णांक प्राप्त कर रहे हों तथा अन्य सभी विषयों में पूर्णतया उत्तीर्ण हों। यदि विद्यार्थी पूरक परीक्षा में बैठता है, तो पूरक परीक्षा में कृपांक का कोई प्रावधान नहीं होता।

6. अंक प्रविष्टि संरचना एवं अधिभार (Weightage Distribution)

राजस्थान के राजकीय विद्यालयों में शिविरा पंचांग 2026-27 के अंतर्गत अंक विभाजन का प्रारूप निम्न प्रकार रहता है:

परीक्षा / मूल्यांकन आयोजन माह पूर्णांक (Weightage) प्रविष्टि का प्रकार
प्रथम परख (1st Test) अगस्त (सत्रारंभ के बाद) 10 अंक विषयवार लिखित परीक्षा
द्वितीय परख (2nd Test) अक्टूबर 10 अंक विषयवार लिखित परीक्षा
अर्द्धवार्षिक परीक्षा (Half-Yearly) दिसंबर (शीतकालीन अवकाश पूर्व) 70 अंक (कक्षा 9-10) / 50 अंक थ्योरी + प्रायोगिक (11-12) समान परीक्षा योजना (जिला स्तर)
तृतीय परख (3rd Test) फरवरी 10 अंक विषयवार लिखित परीक्षा
वार्षिक परीक्षा (Annual Exam) मार्च 100 अंक (कक्षा 9) / 70 अंक थ्योरी + प्रायोगिक (11) समान परीक्षा योजना / संस्थागत

7. परिणाम जनरेशन व अंकतालिका (Progress Report) प्रिंटिंग

प्रमोशन मॉड्यूल पूर्ण करने के उपरांत प्रत्येक संस्थाप्रधान को विद्यार्थियों के अभिभावकों को प्रगति पत्र (Progress Card) वितरित करना आवश्यक होता है:

  • प्रगति पत्र मॉड्यूल: शाला दर्पण के Result -> Reports -> Student Marks/Progress Report विकल्प पर जाएं।
  • सत्र, कक्षा व सेक्शन चयन: संबंधित कक्षा का चयन कर Show पर क्लिक करें।
  • थोक प्रिंट (Bulk Print): संपूर्ण कक्षा की अंकतालिकाएं एक साथ PDF फॉर्मेट में जनरेट हो जाती हैं।
  • सत्यापन: अंकतालिका पर विद्यार्थी की उपस्थिति प्रतिशत, प्राप्तांक ग्रेड, स्वास्थ्य परीक्षण टिप्पणी, कक्षा अध्यापक के हस्ताक्षर एवं संस्थाप्रधान की सील अनिवार्य है।

8. उत्तीर्ण विद्यार्थियों की टीसी (Transfer Certificate) प्रक्रिया

जो विद्यार्थी विद्यालय की उच्चतम कक्षा उत्तीर्ण कर चुके हैं (जैसे प्राथमिक विद्यालय में कक्षा 5, उच्च प्राथमिक में कक्षा 8, एवं उच्च माध्यमिक में कक्षा 10 व 12), उन्हें शाला दर्पण से ऑनलाइन टीसी जारी की जाती है:

TC ऑनलाइन टीसी जनरेशन के चरण:
  1. प्रमोशन मॉड्यूल में विद्यार्थी की स्थिति Promote & Passed Out होनी चाहिए।
  2. Student (विद्यार्थी) टैब में जाएं -> Student TC Issue पर क्लिक करें।
  3. संबंधित विद्यार्थी का SR नंबर या नाम खोजें।
  4. टीसी का कारण चुनें (जैसे: उच्च अध्ययन हेतु / विद्यालय स्तर पूर्ण होने पर)।
  5. विद्यार्थी का आचरण (Conduct) एवं उपस्थिति विवरण सत्यापित करें।
  6. Generate TC Draft करें और विवरण की सावधानीपूर्वक जांच करें।
  7. जांच के उपरांत Issue TC with Digital Book Number पर क्लिक कर प्रिंट निकालें।

9. सामान्य त्रुटियां एवं उनका त्वरित समाधान (Common Errors & Solutions)

प्रमोशन के दौरान शिक्षकों के सामने आने वाली प्रमुख तकनीकी समस्याएं और उनके विभागीय समाधान:

त्रुटि 1: Promotion Button Inactive या Clickable नहीं है

कारण: कक्षा के किसी एक या अधिक विद्यार्थियों के किसी विषय के अंक (Marks) छूटे हुए हैं या रोल नंबर आवंटित नहीं हैं।

समाधान: Result Entry मॉड्यूल में जाकर सभी विषयों (विशेषतः कला शिक्षा, स्वास्थ्य एवं शारीरिक शिक्षा, सूचना प्रौद्योगिकी) के अंकों की जांच करें और उन्हें Save & Lock करें।

त्रुटि 2: छात्र सूची में विद्यार्थी का नाम प्रदर्शित नहीं हो रहा

कारण: विद्यार्थी का नामांकन वर्तमान सत्र में एक्टिव नहीं है अथवा प्रपत्र 9 में कोई आवश्यक फील्ड रिक्त है।

समाधान: Student Detail में जाकर छात्र का स्कॉलर रजिस्टर (SR) स्टेटस चेक करें। यदि वह किसी अन्य सेक्शन में मैप है, तो सेक्शन री-असाइन करें।

त्रुटि 3: गलती से प्रमोट हो गया, अब वापस उसी कक्षा में कैसे लाएं?

कारण: मानवीय भूलवश अनुत्तीर्ण विद्यार्थी को प्रमोट बटन दबाकर सबमिट कर दिया गया।

समाधान: इसके लिए संस्थाप्रधान को अपने लेटरहेड पर विद्यार्थी के वास्तविक अंक व कारण स्पष्ट करते हुए अपने ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (CBEO / PEEO) को प्रेषित करना होगा। CBEO पोर्टल से अनलॉक रिक्वेस्ट स्वीकृत होने के उपरांत विद्यालय स्तर पर सुधार संभव होगा।

10. अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

प्र. 1: क्या कक्षा 1 से 8 में किसी भी विद्यार्थी को फेल किया जा सकता है?
उत्तर: सामान्यतः कक्षा 1 से 4 तथा 6-7 में किसी भी विद्यार्थी को अनुत्तीर्ण करने का प्रावधान नहीं है। कक्षा 5 व 8 में यदि विद्यार्थी पूरक परीक्षा के उपरांत भी न्यूनतम अंक प्राप्त नहीं कर पाता, तो राजस्थान राज्य शिक्षा नियमों के तहत उसे उसी कक्षा में डिटेन किया जा सकता है।
प्र. 2: कक्षा 9 में अधिकतम कितने विषयों में पूरक परीक्षा दी जा सकती है?
उत्तर: कक्षा 9 में अधिकतम दो (2) विषयों में अनुत्तीर्ण विद्यार्थी पूरक परीक्षा के पात्र होते हैं। तीन या अधिक विषयों में अनुत्तीर्ण होने पर विद्यार्थी को उसी कक्षा में रिपीटर (Detained) माना जाएगा।
प्र. 3: प्रमोशन मॉड्यूल पूरा न करने पर क्या परिणाम हो सकते हैं?
उत्तर: प्रमोशन पूर्ण न होने पर आगामी सत्र का नामांकन पोर्टल पर शून्य प्रदर्शित होगा। विद्यालय को निशुल्क पाठ्यपुस्तकें आवंटित नहीं होंगी, छात्रवृत्ति आवेदन अटक जाएंगे और शाला दर्पण रैंकिंग में विद्यालय पिछड़ जाएगा।

अस्वीकरण (Disclaimer): यह गाइड माध्यमिक शिक्षा निदेशालय बीकानेर एवं शाला दर्पण राजस्थान के नवीनतम परिपत्रों तथा शिविरा पंचांग 2026-27 के नियमों के आधार पर शिक्षकों की सहायता हेतु तैयार की गई है। किसी भी आधिकारिक संशय की स्थिति में विभागीय आदेशों एवं CBEO/PEEO कार्यालय के निर्देशों को ही अंतिम व मान्य समझें।

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About the Author: Yogesh Kumar

Yogesh Kumar is a dedicated Lecturer based in Jodhpur, Rajasthan, with extensive experience within the Rajasthan Education Department. He specializes in decoding complex educational circulars, Service Rules, Shala Darpan processes, and Pay Commission guidelines to provide clear, actionable, and 100% accurate information for fellow government teachers across the state. All content is fact-checked against official Bikaner Directorate orders.